Friday, October 16, 2026
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अमृत वर्षा के बीच मां ताप्ती को अर्पित की गई चुनरी

अमृत वर्षा के बीच मां ताप्ती को अर्पित की गई चुनरी

सबकी खुशहाली के लिए निलय, दीपाली डागा आगे-आगे और जनसैलाब पीछे-पीछे

अमृत वर्षा के बीच मां ताप्ती को अर्पित की गई चुनरी

पुष्प वर्षा के साथ जगह-जगह हुआ स्वागत, बारिश के बाद भी लोगों का उमंग और उत्साह नहीं हुआ कम

रिपोर्टर कृष्णा राव

बैतूल। क्षेत्र और किसानों की खुशहाली का संकल्प लेकर कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर बैतूल विधायक निलय डागा ने सोमवार को भव्य ताप्ती चुनरी पदयात्रा निकाली। जिसमें हजारों की संख्या में लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। चुनरी यात्रा का शुभारंभ लल्ली चौक स्थित प्राचीन शिवमंदिर में भगवान भोलेनाथ की पूजा अर्चना के साथ हुआ। विधायक श्री डागा सिर पर चुनरी लेकर शिवमंदिर पहुंचे और पूजा अर्चना के बाद सुबह 7 बजे पदयात्रा आरंभ हुई। श्री डागा द्वारा निकाली जा रही चुनरी पदयात्रा का 7 वां वर्ष था, जिसका श्रद्धालुओं के द्वारा यात्रा का जगह-जगह भव्य स्वागत कर पुष्प वर्षा की गई। हालाकि सोमवार सुबह से ही रिमझिम बारिश का दौर शुरू हो गया था, जिसके बाद भी चुनरी यात्रा में लोगों का भारी उत्साह दिखाई दिया। थोडी देर के लिए बीच में बारिश थमी रही, लेकिन खेड़ी से यात्रा के गुजरते ही बारिश तेज हो गई, लेकिन इसके बाद भी श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिखाई दी, जैसे ही शिव मंदिर से यात्रा शुरू हुई जगह-जगह श्रद्धालुओं का जन सैलाब उमड़ पड़ा। 

भजन मंडली रही आकर्षण का केंद्र

ताप्ती चुनरी पदयात्रा में जहां भारी जनसैलाब उमड़ा था तो, वहीं इस पदयात्रा में भजन मंडली आकर्षण का केंद्र रही। ट्रक पर सवार देवी जागरण के कलाकार गोविंद निंबालकर की टीम पूरे रास्ते भर एक से बढ़कर भजनों की प्रस्तुति दे रही थी, इस दौरान भजन मंडली ने एक से बढ़कर प्रस्तुति देकर पदयात्रा का माहौल पूरी तरह धार्मिक बना दिया। पूरे ग्यारह साल के संकल्प के साथ यह सातंवा वर्ष था, जहां बैतूल विधायक निलय विनोद डागा एवं उनकी धर्म पत्नी श्रीमति दीपाली डागा ने मां ताप्ती की गोद में चुनरी अर्पित की है। 

2017 से लगातार कार्तिक पूर्णिमा पर हो रहा आयोजन

निलय डागा ने 2017 में पहली ताप्ती चुनरी पदयात्रा की शुरूआत की थी। पहले साल चुनरी की लंबाई 111 मीटर थी। इसी साल उन्होंने संकल्प लिया था कि चुनरी पदयात्रा कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर हर साल की जाएगी। सोमवार सातवें साल पर हुई ताप्ती चुनरी पदयात्रा में 111 मीटर लंबी चुनरी हाथों में लेकर पदयात्रा के माध्यम से खेड़ी स्थित ताप्ती घाट के लिए रवाना हुई। विधायक श्री डागा ने अपनी पत्नी श्रीमती दीपाली डागा के साथ कंधे पर ध्वज रखकर पदयात्रा के आगे-आगे चल रहे थे। अमृत वर्षा के बीच माता ताप्ती को चुनरी चढ़ाकर डागा दंपत्ति ने क्षेत्र की खुशहाली की कामना की। 

आदिवासी परंपरा की दिखी झलक

प्राचीन शिव मंदिर से शुरू हुई चुनरी यात्रा के सबसे आगे आदिवासी समाज के लोक कलाकारों के द्वारा पारंपरिक आदिवासी नृत्य ढोल की थाप पर करते हुए पदयात्रा में चल रहे थे। इस पारंपरिक नृत्य को देखकर लोग आकर्षित भी हो रहे थे। कुछ लोग आदिवासी समाज की पारंपरिक वेषभूषा में भी नजर आए। इनका इतना आकर्षण था कि उनके साथ सेल्फी लेते भी नजर आए। 

पदयात्रा का हुआ भव्य स्वागत

विधायक निलय डागा की ताप्ती चुनरी पदयात्रा के स्वागत के भी अलग-अलग नजारे देखने को मिले। कहीं पर पुष्प वर्षा हो रही थी तो कहीं पर लोगों ने सड़क पर सुंदर रांगोली डालकर पदयात्रा का स्वागत किया। कुछ जगह पदयात्रा के स्वागत के लिए रेड कारपेट भी बिछाया गया था। कई जगह पर पदयात्रा के स्वागत के लिए आतिशबाजी भी की गई। पदयात्रा का स्वागत कई समितियों, समाजों के द्वारा और व्यवसाईयों के द्वारा अपने-अपने तरीके से किया गया। कहीं शीतल पेय तो कहीं शरबत तो तो कहीं फल भी वितरित किए गए।

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